*दूरस्थ क्षेत्रों में कवरेज के लिए पत्रकारों को उपलब्ध कराया जाएगा विभागीय वाहन*
*घनसाली में मीडिया सेंटर की संभावनाओं का परीक्षण, पत्रकारों की विभिन्न समस्याओं के समाधान पर हुई चर्चा*
जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में जिला कार्यालय स्थित वीसी कक्ष में जिला पत्रकार स्थायी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पत्रकारों से जुड़े विभिन्न विषयों एवं समस्याओं पर चर्चा करते हुए उनके समाधान के लिए आवश्यक कार्यवाही पर विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में अध्यक्ष प्रेस क्लब टिहरी अनुराग उनियाल ने दूरस्थ एवं दुर्गम क्षेत्रों में समाचार कवरेज के दौरान आने वाली कठिनाइयों से जिलाधिकारी को अवगत कराया। उन्होंने बताया कि बड़े आयोजनों एवं दूरस्थ क्षेत्रों में कवरेज के लिए आवागमन की व्यवस्था में परेशानी होती है। इस पर जिलाधिकारी ने कहा कि बड़े कार्यक्रमों से एक दिन पूर्व संबंधित विभागों से समन्वय कर विभागीय वाहन की व्यवस्था की जाएगी, ताकि कवरेज के लिए जाने वाले पत्रकारों को मुख्य कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने तथा कार्यक्रम के बाद वापस लौटने में सुविधा हो
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद के दूरस्थ क्षेत्रों में सफलता की कहानी तैयार करने के इच्छुक पत्रकार जिला सूचना कार्यालय को पूर्व में अवगत करा सकते हैं। सूचना विभाग द्वारा उपलब्ध संसाधनों के अनुसार कवरेज के लिए आवश्यक सहयोग एवं वाहन की व्यवस्था की जाएगी।
महासचिव प्रेस क्लब टिहरी विजय गुसाईं ने टिहरी डैम टॉप से रात्रि में आवागमन बंद होने के कारण फील्ड कवरेज से लौटने वाले पत्रकारों को होने वाली परेशानी का विषय रखा। उन्होंने बताया कि निर्धारित समय के बाद डैम टॉप से आवाजाही बंद होने पर पत्रकारों को लंबा वैकल्पिक मार्ग अपनाना पड़ता है। जिलाधिकारी ने संबंधित स्तर पर समन्वय कर समस्या के समाधान की दिशा में आवश्यक कार्यवाही का आश्वासन दिया।
बैठक में पत्रकारों को आवंटित आवासों में रखरखाव एवं अन्य व्यवस्थाओं से जुड़ी समस्याओं का विषय भी रखा गया। जिलाधिकारी ने मामले का परीक्षण कर आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित करने की बात कही। वहीं, पत्रकारों की जनपदीय स्तरीय प्रेस मान्यता संबंधी नियमों में शिथिलीकरण की मांग पर जिलाधिकारी ने सचिव, सूचना को पत्र भेजने की बात कही।
वरिष्ठ पत्रकार तेजराम सेमवाल एवं अमनदीप भट्ट ने घनसाली क्षेत्र में मीडिया सेंटर स्थापित किए जाने अथवा इसके लिए भूमि उपलब्ध कराने का विषय रखा। जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी के माध्यम से भूमि एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की संभावनाओं का परीक्षण कराने की बात कही।
जिलाधिकारी ने कहा कि सोशल मीडिया के दौर में समाचारों की विश्वसनीयता बनाए रखना महत्वपूर्ण है। पत्रकारों को समाचार प्रकाशित अथवा प्रसारित करने से पूर्व तथ्यों का सत्यापन एवं फैक्ट चेक अवश्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि पत्रकारों से जुड़े विषयों एवं उनकी समस्याओं के समाधान के लिए जिला प्रशासन स्तर से हरसंभव सहयोग किया जाएगा।
बैठक में जिला सूचना अधिकारी द्रवनीता शर्मा, वरिष्ठ पत्रकार अब्बल चंद रमोला, अखिलेश नंदा, पुलिस विभाग से एसआई किशन देवरानी, अतिरिक्त जिला सूचना अधिकारी प्रमोद बर्तवाल, कनिष्ठ सहायक धीरेश सकलानी सहित सूचना विभाग से मनीष रतूड़ी, देवेंद्र रावत उपस्थित रहे।