
*चारधाम यात्रा एवं आगामी त्योहारों के मद्देनजर खाद्य सुरक्षा विभाग की सघन निरीक्षण एवं नमूना संग्रह अभियान की कार्रवाई*

*भूपतवाला के होटल से सूजी, अचार निर्माता के वाहन से मिथ्या छाप अचार तथा औद्योगिक क्षेत्र स्थित बेकरी इकाई से मैदा के नमूने जांच हेतु संग्रहित किए गए*
*अधोमानक पनीर के निर्माण, वितरण एवं भोजन में प्रयोग के मामले में निर्माता कंपनी के डायरेक्टर और होटल स्वामी के विरुद्ध न्यायालय में वाद दायर*
*हरिद्वार।चारधाम यात्रा एवं आगामी त्योहारों के सीजन को देखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा मिलावटखोरी पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा जनपद हरिद्वार में सघन निरीक्षण एवं नमूना संग्रह अभियान चलाया गया। खाद्य सुरक्षा आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, उत्तराखंड, देहरादून विनय शंकर पांडेय एवं जिलाधिकारी हरिद्वार मयूर दीक्षित के निर्देशों के अनुपालन में गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 को सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा महिमानंद जोशी के नेतृत्व में नगर निगम क्षेत्र हरिद्वार में यह अभियान संचालित किया गया।
इस अभियान के अंतर्गत वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी, नगर निगम हरिद्वार कैलाश चंद्र टम्टा द्वारा भूपतवाला क्षेत्र में स्थित होटलों एवं खाद्य कारोबार प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान एक होटल में मिलावट की आशंका के आधार पर सूजी का नमूना संग्रहित कर जांच हेतु प्रयोगशाला भेजने की कार्रवाई की गई।
इसी क्रम में भूपतवाला क्षेत्र में खाद्य कारोबार प्रतिष्ठानों को अचार की आपूर्ति करने वाली एक निर्माता कंपनी के वाहन को रोककर जांच की गई। जांच के दौरान मिथ्या छाप लेबलिंग युक्त अचार पाए जाने पर अचार का नमूना संग्रहित किया गया। संबंधित निर्माता कंपनी द्वारा मिथ्या छाप खाद्य सामग्री के निर्माण एवं विक्रय के मामले में खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के प्रावधानों के अंतर्गत नोटिस जारी किया गया।
इसके अतिरिक्त नगर निगम क्षेत्र के औद्योगिक क्षेत्र में स्थित बेकरी उत्पादों की निर्माता इकाई का निरीक्षण किया गया। यहां बेकरी उत्पादों के निर्माण में प्रयुक्त किए जा रहे मैदा की गुणवत्ता पर संदेह होने के कारण उसका नमूना संग्रहित कर जांच हेतु प्रयोगशाला भेजा गया है। प्रयोगशाला से प्राप्त जांच रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा अधोमानक पनीर के निर्माण, वितरण एवं आपूर्ति के मामले में संबंधित निर्माता कंपनी के विरुद्ध भी कानूनी कार्रवाई की गई है। वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी कैलाश चंद्र टम्टा द्वारा सरधाना डेयरी एंड फूड्स प्राइवेट लिमिटेड, सरधाना, मेरठ, उत्तर प्रदेश के डायरेक्टर के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 51 के अंतर्गत अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), हरिद्वार के न्यायालय में वाद दायर किया गया है। उक्त धारा के अंतर्गत अधोमानक खाद्य पदार्थ के मामले में अधिकतम पांच लाख रुपये तक के अर्थदंड का प्रावधान है।
इसी प्रकार भूपतवाला स्थित एक होटल में भोजन तैयार करने के लिए अधोमानक पनीर का प्रयोग किए जाने के मामले में होटल स्वामी के विरुद्ध भी अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), हरिद्वार के न्यायालय में वाद दायर किया गया है।
खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा स्पष्ट किया गया है कि जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने, मिलावट एवं भ्रामक लेबलिंग पर रोक लगाने तथा उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से निरीक्षण एवं नमूना संग्रह की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के प्रावधानों का पालन करने तथा निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप खाद्य पदार्थों का निर्माण, भंडारण एवं विक्रय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
