*हरिद्वार में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर राज्य स्तरीय कार्यशाला आयोजित, उद्योग प्रतिनिधियों के साथ सुधारों पर हुआ व्यापक संवाद*
*हरिद्वार। उद्योग विभाग, उत्तराखंड शासन एवं उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT), भारत सरकार के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार को हरिद्वार में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस (Ease of Doing Business) विषय पर राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन रोशनाबाद स्थित एक होटल में किया गया। कार्यशाला में जनपद सहित प्रदेश के विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों, उद्योग संघों एवं प्रमुख औद्योगिक इकाइयों के 100 से अधिक प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया।
कार्यशाला का उद्देश्य राज्य में उद्योगों के लिए व्यवसायिक प्रक्रियाओं को अधिक सरल, पारदर्शी, समयबद्ध एवं निवेशक-अनुकूल बनाना तथा उद्योग जगत से सीधे सुझाव प्राप्त कर सुधारों को और प्रभावी बनाना रहा। इस दौरान उद्योग प्रतिनिधियों ने विभिन्न विभागीय अनुमतियों, ऑनलाइन सेवाओं, सिंगल विंडो सिस्टम तथा कारोबार संचालन से जुड़ी व्यावहारिक चुनौतियों और सुझावों को साझा किया।
अपर सचिव, उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT), भारत सरकार सुश्री हिमानी पांडे ने उद्योग प्रतिनिधियों के साथ संवाद करते हुए कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार उद्योगों के लिए बेहतर कारोबारी वातावरण विकसित करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही हैं।
उन्होंने उद्योग प्रतिनिधियों से सीधे संवाद कर उनके सुझाव,अनुभव एवं समस्याओं को गंभीरता से सुना गया तथा प्राप्त सुझावों के आधार पर ईज ऑफ डूइंग बिजनेस सुधारों को और प्रभावी एवं उद्योग-अनुकूल बनाने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
सचिव, उद्योग विभाग, उत्तराखंड शासन विनय शंकर पांडे ने कहा कि उत्तराखंड सरकार उद्योगों के लिए एक सरल,पारदर्शी और निवेशक-अनुकूल कारोबारी वातावरण विकसित करने के लिए लगातार सुधारात्मक कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत विभिन्न विभागीय प्रक्रियाओं का डिजिटलीकरण, समयबद्ध सेवाओं की व्यवस्था और सिंगल विंडो सिस्टम को लगातार मजबूत किया जा रहा है। इससे नए निवेशकों को उद्योग स्थापित करने में सुविधा मिल रही है तथा प्रदेश में निवेश का सकारात्मक माहौल तैयार हुआ है। उन्होंने उद्योग जगत से प्राप्त सुझावों को सरकार की नीतियों और सुधारों के लिए महत्वपूर्ण बताया।
निदेशक, उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) राकेश कुमार प्रजापति ने उत्तराखंड में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत किए गए प्रमुख सुधारों एवं उपलब्धियों की जानकारी देते हुए राज्य सरकार के प्रयासों की सराहना की।
महानिदेशक एवं आयुक्त उद्योग, उत्तराखंड डॉ. सौरभ गहरवार ने कहा कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस केवल एक रैंकिंग नहीं, बल्कि उद्योगों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने की सतत प्रक्रिया है। उन्होंने कहा कि उद्योगों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान और विभागों के बीच बेहतर समन्वय सरकार की प्राथमिकता है। उद्योग प्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों के आधार पर प्रक्रियाओं का लगातार मूल्यांकन और आवश्यक सुधार किए जाएंगे। उन्होंने सभी उद्योगों से शासन और प्रशासन के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने का आह्वान किया, ताकि उत्तराखंड को उद्योग एवं निवेश के क्षेत्र में और अधिक सशक्त बनाया जा सके।
जिलाधिकारी हरिद्वार मयूर दीक्षित ने कहा कि हरिद्वार उत्तराखंड का एक प्रमुख औद्योगिक जनपद है और जिला प्रशासन उद्योगों को पारदर्शी, सरल एवं समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि उद्योगों की समस्याओं का त्वरित समाधान, विभागों के बीच बेहतर समन्वय और तकनीक आधारित सेवाओं का विस्तार निवेशकों का विश्वास मजबूत करेगा तथा जनपद में औद्योगिक विकास को नई गति देगा। उन्होंने उद्योग प्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों को विकास की प्रक्रिया का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए सभी विभागों को समन्वित रूप से कार्य करने के निर्देश दिए।
कार्यशाला का संचालन संयुक्त निदेशक उद्योग अनुपम द्विवेदी ने किया। इस अवसर पर अपर निदेशक उद्योग शिखर सक्सैना,महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र हरिद्वार उत्तम कुमार तिवारी सहित उद्योग निदेशालय एवं जिला उद्योग केंद्र हरिद्वार के अधिकारी कर्मचारी विभिन्न औद्योगिक इकाईयों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।