अंग्रेजी उपन्यास द ब्रोकन फ्लेम का विमोचन समारोह सम्पन्न

साहित्य संवेदनशील और समाज के प्रति जिम्मेदारियों की समझ बढ़ाता है-डा.ललित नारायण मिश्रा

समाज को सकारात्मक दिशा देता है साहित्य-अभय प्रताप सिंह

पत्रकारों समेत समाज के हर रचनात्मक वर्ग के लिए खुला मंच है प्रैस क्लब-धमेन्द्र चौधरी

अनुभवों, संवेदनाओं और समाज के बदलते स्वरूप को समझने की लंबी यात्रा का परिणाम है द ब्रोकन फ्लेम-लोकेश भारद्वाज

हरिद्वार। युवा लेखक लोकेश भारद्वाज के अंग्रेजी उपन्यास द ब्रोकन फ्लेम का विमोचन रविवार को प्रैस क्लब सभागार में आयोजित विमोचन समारोह में किया गया। मुख्य अतिथी सीडीओ डा.ललित नारायण मिश्रा, अति विशिष्ट अतिथी एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह, मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार नन्दिता कुमार, प्रैस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी, महामंत्री दीपक शर्मा व अन्य अतिथीयों ने दीप प्रज्वलन के उपरांत उपन्यास का विमोचन किया। मुख्य विकास अधिकारी डा.ललित नारायण मिश्रा ने लेखक लोकेश भारद्वाज को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि साहित्य किसी भी समाज के विकास की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को साहित्य की ओर अग्रसर होना चाहिए, क्योंकि साहित्य हमें संवेदनशील बनाता है और समाज के प्रति जिम्मेदारियों की समझ बढ़ाता है। उन्होंने द ब्रोकन फ्लेम की विषयवस्तु की सराहना करते हुए कहा कि यह उपन्यास मानवीय रिश्तों की जटिलताओं और मनोवैज्ञानिक पहलुओं को गहराई से उद्घाटित करता है। उन्होंने कहा कि हरिद्वार केवल धर्म का केंद्र नहीं बल्कि साहित्य, दर्शन और चिंतन की भी पवित्र भूमि है। साहित्य मनुष्य की सबसे बडी शक्ति है और व्यक्ति को भीतर से परिष्कृत करता है। द ब्रोकन फ्लेम जैसी कृतियां नई पीढी को भावनात्मक और बौद्धिक स्तर पर जोड़ने का कार्य करती हैं।

मुख्य वक्ता दिल्ली से आयी वरिष्ठ पत्रकार नन्दिता कुमार ने अपने वक्तव्य में साहित्य की भूमिका, मीडिया और समाज के परस्पर संबंधों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि द ब्रोकन फ्लेम आधुनिक समाज के बदलते रिश्तों, टूटते विश्वास और पुनः उभरती मानवीय आशा का एक संवेदनशील चित्रण है। उन्होंने उपन्यास की कथावस्तु को संक्षिप्त में रखते हुए लेखक की लेखन शैली को सूक्ष्म, भावनात्मक और आकर्षक बताते हुए उपन्यास को समकालीन साहित्य में एक महत्वपूर्ण योगदान बताया।

एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह ने कहा कि साहित्य समाज को सकारात्मक दिशा देता है। उन्होंने कहा कि हमारी व्यस्त और तनावपूर्ण जीवन शैली में साहित्य ही वह माध्यम है जो मानसिक संतुलन और भावनात्मक मजबूती प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि उपन्यास समाज में बेहतर संदेश प्रसारित करेगा।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रैस क्लब अध्यक्ष धर्मेन्द्र चौधरी ने कहा कि प्रेस क्लब हमेशा से साहित्यिक और रचनात्मक गतिविधियों को मंच प्रदान करता आया है और भविष्य में भी ऐसे आयोजनों को प्रोत्साहन देता रहेगा। उन्होंने कहा कि प्रेस क्लब न केवल पत्रकारों का बल्कि यह समाज के हर रचनात्मक वर्ग के लिए एक खुला मंच है। साहित्य, संस्कृति और विचारों के इस महोत्सव ने हरिद्वार के साहित्यिक इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि द ब्रोकन फ्लेम का यह विमोचन समारोह न केवल एक पुस्तक का लोकार्पण था, बल्कि साहित्यिक चेतना का एक प्रज्ज्वलित दीपक भी, जो समाज को नई सोच और दिशा प्रदान करता रहेगा।

कार्यक्रम आयोजक बालकृष्ण शास्त्री ने सभी अतिथियों और उपस्थित जनसमूह का धन्यवाद व्यक्त किया। उपन्यास के लेंखक लोकेश भारद्वाज ने कहा कि द ब्रोकन फ्लेम मेरे अनुभवों, संवेदनाओं और समाज के बदलते स्वरूप को समझने की एक लंबी यात्रा का परिणाम है। उन्होंने आगे कहा कि इस उपन्यास में मानव मन की भावनात्मक परतों, रिश्तों की जटिलताओं और जीवन के संघर्षों को विस्तार से प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है। कार्यक्रम का संचालन संयोजक राहुल वर्मा ने किया।

इस अवसर पर भाजपा नेता विमल कुमार, परमिंदर सिंह गिल, विपिन शर्मा, ऋषि शर्मा, पंडित अधीर कौशिक, बीके त्रिपाठी, मनोज शुक्ला, राज तिवारी, सचिन तिवारी, जगदीश लाल पाहवा, मनोज गौतम, डा.सत्यनारायण शर्मा, योगी रजनीश, ग्रीन मैन विजयपाल बघेल, अविरल अवस्थी, पूनम शर्मा, गिरीश लखेडा, अरुण पाठक, विभाष मिश्रा, मनोज सैनी, अमन गर्ग, मुरली मनोहर, कमलेश्वर मिश्रा, ललिता मिश्रा, सुनील पांडेय, दीपक मिश्रा, डा.प्रदीप जोशी, प्रशांत शर्मा, रामचंद्र कनौजिया, संदीप शर्मा, रामेश्वर गौड, डा.रजनीकांत शुक्ला, विकास झा, दीपक नौटियाल, डा.हिमांशु द्विवेदी, तनवीर अली, श्रवण कुमार झा, संजय आर्य, राव रियासत पुंडीर, मनोज कुमार खन्ना, जोगिंदर मावी, देवेंद्र शर्मा, अमित शर्मा, आशीष मिश्रा, बृजेंद्र हर्ष, गुलशन नैयर, राजेंद्र नाथ गोस्वामी, सुरेन्द्र शर्मा, ललितेंद्र नाथ, अमित गुप्ता, त्रिलोक चंद्र भट्ट, सूर्यकांत बेलवाल, डॉ. शिवा अग्रवाल, सुभाष कपिल, ठाकुर शैलेंद्र सिंह, बृजपाल सिंह, काशीराम सैनी, कुमकुम शर्मा, प्रतिभा वर्मा, संजीव शर्मा, रत्नमणी डोभाल सहित पत्रकार एवं गणमान्य जन उपस्थित थे।


By Shashi Sharma

Shashi Sharma Working in journalism since 1985 as the first woman journalist of Uttarakhand. From 1989 for 36 years, she provided her strong services for India's top news agency PTI. Working for a long period of thirty-six years for PTI, he got her pen ironed on many important occasions, in which, by staying in Tehri for two months, positive reporting on Tehri Dam, which was in crisis of controversies, paved the way for construction with the power of her pen. Delivered.

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