
हरिद्वार। भारत विकास परिषद की मायापुरी शाखा ने भारतीय ज्ञान परंपरा कार्यक्रम के अंतर्गत अचीवर्स होम विद्यालय में सोलह संस्कारों पर एक कार्यशाला का आयोजन किया ।
कार्यशाला में गुरुकुल कॉमेडी सम विश्वविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर एवं शाखा के संयोजक संस्कार डॉक्टर कपिल पांडे ने विद्यार्थियों को गर्भाधान से लेकर अंत्येष्टि तक के सोलह संस्कारों के बारे में बताया। उन्होंने इन संस्कारों के पीछे छिपे वैज्ञानिक कारणो को भी रोचक ढंग से प्रस्तुत किया। इस अवसर पर परिषद के प्रांतीय सचिव प्रचार – प्रसार कुशल पाल सिंह चौहान एडवोकेट ने कहा कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान तक सीमित न रखकर उन्हें भारतीय जीवन दर्शन, नैतिक मूल्यों और अनुशासित जीवन शैली से जोड़ना है। मायापुरी शाखा अध्यक्ष कैप्टन (सेनि) विपिन जोशी ने अनुशासन और संस्कारों के संगम को जीवन की सफलता की कुंजी बताया। जबकि संगठन सचिव राजेंद्र सिंह राणा ने सामाजिक ताने-बाने को मजबूत करने में संस्कारों की भूमिका को रेखांकित किया। शाखा के पर्यावरण संयोजक मनु गुप्ता ने प्रकृति संरक्षण और संस्कारों के अंतर संबंध के बारे में बताया। कार्यशाला में विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉक्टर श्यामल सरकार ने कहा कि आधुनिकता के दौर में युवा पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक जड़ों से दूर होती जा रही है ऐसे समय में सनातन धरोहर और प्राचीन सोलह संस्कारों के आध्यात्मिक वैज्ञानिक महत्व पर कार्यशाला का आयोजन करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम में स्कूल के निर्देशक नितिन अहलूवालिया समन्वयक लोकेश आदि शिक्षक उपस्थित रहे।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने सोलह संस्कारों को अपने व्यवहारिक जीवन में उतारने का संकल्प लिया।

