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The rapist of his innocent daughter, अपनी ही सात वर्षीय पुत्री का दुष्कर्मी दो महीने बाद गिरफ्तार,मंगलौर पुलिस ने दबोचा।

The rapist of his innocent daughter, his own seven-year-old daughter, was arrested after two months, caught by Mangalore police.

स्वंय को मरा साबित करने के लिये व पुलिस को गुमराह करने के लिए नहर किनारे छोड़ दिया था अपना सामान

The rapist of his innocent daughter, अपनी ही मासूम सात वर्षीय पुत्री को हवस का शिकार बनाने वाले वहशी दरिंदे को आज कोतवाली मंगलौर पुलिस ने आखिरकार गिरफ्तार कर लिया।

आरोपी अपराध करने के बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए अपने कपड़े बैग आदि नहर किनारे रख कर फरार हो गया था ताकि उसे नहर में डूबा मान लिया जाये।
कोतवाली मंगलौर के ग्राम मन्नाखेड़ी, निवासी नीटू उर्फ ज्ञानेंद्र पुत्र मुंशी द्वारा अपनी 7 वर्षीय मासूम पुत्री के साथ दुष्कर्म किए जाने के संबंध में माह अप्रैल 2026 में आरोपी नीटू उर्फ ज्ञानेंद्र के विरुद्ध पोक्सो अधिनियम एवं बीएनएस की सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कराया गया था।
डूबने की कहानी को सच ना मानते हुए और मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देश पर, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण एवं क्षेत्राधिकारी मंगलौर के पर्यवेक्षण में आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया गया।
टीमों द्वारा लगातार संभावित स्थानों पर दबिश दी जा रही थी, लेकिन आरोपी लगातार फरार चल रहा था। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए न्यायालय से गैर जमानती वारंट (NBW) भी पुलिस ने प्राप्त किया था।

पुलिस जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि आरोपी ने स्वयं को मृत दर्शाने और पुलिस को भ्रमित करने के उद्देश्य से अपने कपड़े, जूते एवं अन्य सामान नहर किनारे छोड़ दिए थे, जिससे यह प्रतीत हो कि उसने नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली है। हालांकि पुलिस ने सभी पहलुओं पर जांच जारी रखी और लगातार सुरागरसी एवं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की तलाश जारी रखी।

लगातार प्रयासों के परिणामस्वरूप मंगलौर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की।
पुलिस द्वारा आरोपी के विरुद्ध नियमानुसार विधिक करवाई की जा रही है।

 

By Shashi Sharma

Shashi Sharma Working in journalism since 1985 as the first woman journalist of Uttarakhand. From 1989 for 36 years, she provided her strong services for India's top news agency PTI. Working for a long period of thirty-six years for PTI, he got her pen ironed on many important occasions, in which, by staying in Tehri for two months, positive reporting on Tehri Dam, which was in crisis of controversies, paved the way for construction with the power of her pen. Delivered.

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